शारदीय कांवड़ मेले को लेकर प्रशासन अलर्ट, हरिद्वार में व्यवस्थाएं अंतिम चरण में..

शारदीय कांवड़ मेले को लेकर प्रशासन अलर्ट, हरिद्वार में व्यवस्थाएं अंतिम चरण में..

 

 

 

उत्तराखंड: आगामी शारदीय कांवड़ मेले को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर एचआरडीए सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए एडीएम प्रशासन पीआर चौहान ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि मेले से जुड़ी प्रत्येक व्यवस्था को समय रहते पूरा किया जाए, ताकि कांवड़ यात्रा को व्यवस्थित और सुरक्षित रूप से संपन्न कराया जा सके। एडीएम प्रशासन ने कहा कि 2 फरवरी से शुरू होने वाले शारदीय कांवड़ मेले के दौरान श्रद्धालुओं की यात्रा को सरल, सुगम, सुरक्षित और सुखद बनाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ छोटी से छोटी व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

बैठक में जानकारी दी गई कि मेला क्षेत्र को 6 जोन और 16 सेक्टरों में विभाजित किया गया है, जिससे व्यवस्थाओं की निगरानी और संचालन बेहतर तरीके से किया जा सके। सिंचाई विभाग को गौरीशंकर क्षेत्र में प्रस्तावित पार्किंग स्थल की व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं, जबकि यूपीसीएल और जल संस्थान को बिजली और पेयजल आपूर्ति को लेकर पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा गया है। इसके साथ ही एनएचएआई के अभियंताओं को नजीबाबाद रोड पर मौजूद गड्ढों की मरम्मत कराने और राष्ट्रीय राजमार्ग पर नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। प्रशासन ने हरिद्वार से चिड़ियापुर तक सड़क, पानी, बिजली और पार्किंग जैसी मूलभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने को कहा है।

एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह ने बताया कि कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि बीते वर्ष शारदीय कांवड़ मेले में करीब 18 लाख कांवड़िए गंगाजल लेने पहुंचे थे और इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या में और बढ़ोतरी की संभावना है। इसे देखते हुए बैरागी कैंप स्थित होल्डिंग एरिया में भी सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं, ताकि भीड़ प्रबंधन में किसी प्रकार की परेशानी न हो। प्रशासन का दावा है कि इस बार शारदीय कांवड़ मेला बेहतर योजना, मजबूत सुरक्षा व्यवस्था और विभागीय समन्वय के साथ श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक और सुरक्षित बनाया जाएगा। बैठक में एचआरडीए सचिव मनीष सिंह, सीएमओ डॉ. आरके सिंह, सिंचाई विभाग के ईई ओमजी गुप्ता, लोनिवि ईई दीपक कुमार, यूपीसीएल ईई दीपक सैनी, एआरटीओ नेहा झा, आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत आदि मौजूद रहे।